छठवां राज्य वित्त आयोग की हल्द्वानी में जनसुनवाई..
हल्द्वानी :
छठवां राज्य वित्त आयोग की टीम ने हल्द्वानी सर्किट हाउस में जिले के नगर निकायों, त्रिस्तरीय पंचायतों के निर्वाचित सदस्यों एवं विभिन्न राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक कर जनसुनवाई की। आयोग ने विकास, बजट, और राजस्व बढ़ोतरी से जुड़े सुझावों पर विस्तार से चर्चा की।
बैठक की अध्यक्षता आयोग अध्यक्ष एन. रविशंकर ने की, साथ में सदस्य पी.एस. जंगपांगी और डॉ. एम.सी. जोशी मौजूद रहे। रविशंकर ने कहा कि आयोग द्वारा सभी जिलों से प्राप्त सुझावों को रिपोर्ट में शामिल कर जनवरी 2026 में राज्य सरकार को सौंपा जाएगा, जिसे अप्रैल 2026 से लागू किया जाएगा।
उन्होंने कहा “विकसित भारत का मार्ग विकसित नगर निकायों और पंचायतों से होकर जाता है। इसके लिए आगामी 20 वर्षों की विकासात्मक कार्ययोजना तैयार की जाएगी।”
बैठक में मेयर गजराज बिष्ट ने नगर निगम हल्द्वानी के विस्तारित वार्डों के अनुपात में बजट, मैनपावर और ठोस अपशिष्ट प्रबंधन की व्यवस्था सुदृढ़ करने की मांग रखी। विभिन्न निकायों के अध्यक्षों और अधिकारियों ने भी वित्तीय संसाधन बढ़ाने और नजूल भूमि से संबंधित समस्याएं आयोग के समक्ष रखीं।
पंचायत प्रतिनिधियों ने जंगली जानवरों की रोकथाम, सोलर फेंसिंग, आपदा राहत के लिए पंचायत स्तर पर धनराशि की व्यवस्था और ठोस अपशिष्ट प्रबंधन हेतु बजट वृद्धि की मांग की।
राजनीतिक दलों- भाजपा के प्रताप बिष्ट, कांग्रेस के राहुल छीमवाल और बसपा के शिव गणेश ने भौगोलिक परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए जिले को अतिरिक्त बजट देने का सुझाव रखा।
बैठक में अध्यक्ष जिला पंचायत दीपा दरमवाल, उपाध्यक्ष देवकी बिष्ट, अपर जिलाधिकारी विवेक राय, नगर आयुक्त परितोष वर्मा, एवं जिले के कई ब्लॉक प्रमुख व अधिकारी उपस्थित रहे।
बैठक के बाद आयोग टीम ने नगर निगम कार्यालय, मंगल पड़ाव, मंडी क्षेत्र आदि का भी स्थलीय निरीक्षण किया।
